पिछले दिनों महाराष्ट्र के पालघर जिले से खबर आई थी कि वहां दो आतंकवादी घुस गए हैं, जो कि किसी बड़ी वारदात को अंजाम दे सकते हैं। इस सूचना ने पुलिस वालों के होश उड़ा दिए थे, जिले में अलर्ट के साथ ही आतंकवादियों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। कुछ ही समय बाद पुलिस ने सफलतापूर्वक दोनों ही आतंकवादियों को धर-पकड़ने में कामयाब होने की भी बात कह दी। लेकिन क्या क्योंकि जब इन दोनों की पहचान उजागर हुई तो पुलिस वाले भी हैरान रह गए। दरअसल सच्चाई यही थी कि वो दोनों आतंकवादी थे ही नहीं बल्कि फिल्म की शूटिंग के लिए वो आतंकवादियों का गेटअप ले रखे थे। उनसे गलती सिर्फ यही हुई कि वो अपने किरदार के गेटअप में ही सड़कों पर घूमने निकल गए और पुलिस ने उन्हें धर-दबोचा। दरअसल कहानी कुछ यूं है कि एक एटीएम के गार्ड ने इन दोनों को आतंकवादियों के गेटअप में देखा और उसने अपने भाई जो कि पुलिस में ही है को बताया कि दो संदिग्ध शहर में घूम रहे हैं। बकौल गार्ड अनिल महाजन, जब वह खाने के लिए कुछ खरीदने निकला तो उसने देखा कि आतंकवादी जैसा दिखने वाला एक शख्स सिगरेट खरीद रहा है, जबकि दूसरा वैन में उसका इंतजार कर रहा था। उन्हें देख अनिल घबरा गया और उसने भाई के जरिए पुलिस को सूचना पहुंचाई। आतंकवादियों की सूचना मिलते ही पुलिस एक्शन में आई और मौके पर पहुंच गई और सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए और कुछ ही देर में आतंकवादी पकड़ लिए गए। बहरहाल सभी हैरान तब रह गए जब उनकी पहचान फिल्मी कलाकार के तौर पर हुई। इन दोनों फिल्मी कलाकारों से पूछताछ के बाद पुलिस ने उन्हें छोड़ भी दिया। यह जरुर था कि पुलिस ने यह पुख्ता किया कि  क्या वाकई वो कलाकार हैं या यूं ही बनाया जा रहा है, अत: पुलिस उन दोनों को लेकर यशराज की फिल्म के शूटिंग सेट पर भी पहुंची थी, जहां सच्चाई सामने आ गई और उन्हें छोड़ दिया गया।